छग विधानसभा : वित्त मंत्री ने बताया राज्य में 2,91,797 अधिकारी-कर्मचारियों ने किया है ओपीएस का चयन

Posted on: 2026-03-20


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रायपुर, 20 मार्च । प्रदेश में कितने कर्मचारियों ने एनपीएस से ओपीएस का चयन किया है और पेंशन व्यवस्था कैसे संचालित हो रही है? यह प्रश्न आज विधानसभा में भाजपा विधायक पून्नलाल मोहले ने पूछा। जवाब में वित्त मंत्री चौधरी ने बताया कि कुल 2,91,797 अधिकारी-कर्मचारियों ने ओपीएस का चयन किया है और पेंशन योजना का संचालन निर्धारित नियमों के अनुसार किया जा रहा है।

वित्त मंत्री ओपी चौधरी ने स्पष्ट किया कि वर्ष 2004 के बाद नियुक्त ओल्ड पेंशन स्कीम विकल्प (ओपीएस) वाले सरकारी कर्मचारियों के लिए छत्तीसगढ़ सिविल सेवा पेंशन नियम, 1976 के प्रावधानों के अनुसार पेंशन योजना का संचालन किया जा रहा है ।

वित्त मंत्री ओपी चौधरी ने शुक्रवार को सदन को बताया कि वर्ष 2004 के पूर्व नियुक्त और वर्ष 2004 के पश्चात नियुक्त ओपीएस विकल्प वाले सभी शासकीय सेवकों के लिए छत्तीसगढ़ सिविल सेवा पेंशन नियम, 1976 के प्रावधानों के अनुसार पेंशन योजना का संचालन किया जा रहा है।

दरअसल, विधायक पुन्नूलाल मोहले ने सवाल किया था कि एनपीएस से पुनः ओपीएस योजना के विकल्प का चयन प्रदेश के कुल कितने अधिकारी-कर्मचारियों द्वारा किया गया है? वर्ष 2004 से पूर्व नियुक्त और वर्ष 2004 के पश्चात नियुक्त पुनः ओपीएस का विकल्प चयन करने वाले अधिकारी-कर्मचारियों के लिये पेंशन योजना का संचालन व कार्यप्रणाली क्या है।

वित्त मंत्री चौधरी ने बताया कि एनपीएस और ओपीएस दो प्रकार की पेंशन योजना है, 2004 में छग शासन ने ओपीएस की जगह एनपीएस लागू किया था। पिछली बार 2022 में ओपीएस स्कीम को लाया गया था, एक नवंबर 2004 के कर्मचारी ओपीएस में है, पेंशन व अन्य का काम महालेखाकार देखते हैं।

उन्होंने बताया कि कर्मचारियों को एनपीएस व ओपीएस का विकल्प दिया था, दो लाख से अधिक कर्मचारियों ने ओपीएस का चुनाव किया है। इनका काम डायरेक्टोरेट हेंडल करता है। इसके विपरीत, लगभग 7,000 कर्मचारियों ने एनपीएस में ही रहने का विकल्प चुना है। विधायक मोहले ने पूछा भविष्य निधि की कटौती कितने कर्मचारियों कीहोती है जो एनपीएस में हैं। मंत्री ने बताया कि एनपीएस की कटौती कर्मचारी और नियोक्ता का हिस्सा होता है, कर्मचारी का 10 फीसदी व नियोक्ता का सहभागिता 14 प्रतिशत होता है।रेगुलेटरी में जमा होता है, जीपीएफ 10 प्रतिशत कटौती होती है रिटायरमेंट में मिलता है।

विधायक मोहले ने पूछा, एनपीएस की जगह ओपीएस का चुनाव करने वाले कर्मचारियों को कितना प्रतिशत ब्याज प्रति वर्ष देय है। मंत्री ने जवाब दिया कि ब्याज रेट 7.1 प्रतिशत है जो पीएफ पर ब्याज मिलता है। उन्होंने पूछा, जिन अधिकारी कर्मचारी ने ओपीएस का विकल्प रखा है, कितनी राशि जमा है। भविष्य में राशि कैसे मिलेगी।

मंत्री ओपी चौधरी ने बताया, एनपीएस कर्मचारी और नियोक्ता का सहभागिता, 22 हजार करोड़ जमा है, ओपीएस वालों को लाभांश आता है। चार हजार आईएएस आईपीएस है ,सात हजार कर्मचारी हैं। रिटायरमेंट के दिन कर्मचारी को वह राशि मिल जाएगी बतौर एनपीएस राशि जमा किया है।