नेपाल के सुनसरी जिले के देवानगंज में रविवार रात हुई झड़प के दौरान स्थानीय प्रशासन द्वारा बल प्रयोग किए जाने के विरोध में सुनसरी के विभिन्न स्थानों पर आज प्रदर्शन किये गए।
कल वहां दो समूहों के बीच हो रही झड़प को रोकने के दौरान पुलिस ने गोली चलाई थी, जिसमें 10 लोगों को गोली लगी। घायलों में से एक 24 वर्षीय ओमप्रकाश मेहता की मौत हो चुकी है, जबकि २१ लोगों का बिराटनगर के विभिन्न अस्पतालों में इलाज चल रहा है।
इस घटना के बाद जिला प्रशासन कार्यालय सुनसरी ने सोमवार सुबह से 5 क्षेत्रों में कर्फ्यू लगा दिया था। हालांकि, कर्फ्यू का उल्लंघन करते हुए सोमवार सुबह से ही विरोध प्रदर्शन शुरू हो गए।
प्रदर्शनों के कारण कप्तानगंज क्षेत्र में स्थिति काफी तनावपूर्ण बनी हुई है। इसके अलावा सुनसरी के मुख्यालय इनरूवा बाजार और लौकही क्षेत्र में भी विरोध प्रदर्शन हो रहे हैं। पुलिस के अनुसार, प्रदर्शनकारियों ने इनरूवा बाजार क्षेत्र को बंद करवाकर राजमार्ग पर टायर जलाकर प्रदर्शन किया है।
प्रदर्शन के चलते पूर्व-पश्चिम राजमार्ग का सुनसरी खंड पूरी तरह से अवरुद्ध हो गया है। सुनसरी पुलिस प्रवक्ता डीएसपी चंद्र खड़का के मुताबिक, प्रदर्शनकारियों द्वारा सड़क पर टायर जलाकर रास्ता रोके जाने से वाहनों की आवाजाही ठप हो गई है।
झड़प और पुलिस की कार्रवाई में सुरक्षाकर्मियों सहित 22 से अधिक लोग घायल हुए हैं। स्थिति को नियंत्रण से बाहर जाने से रोकने के लिए कप्तानगंज क्षेत्र में नेपाल पुलिस और सशस्त्र पुलिस बल की भारी तैनात की गई है।
स्थानीय प्रशासन ने आम जनता से घरों के भीतर रहने और किसी भी प्रकार की सभा या जुलूस न निकालने की अपील की है।